आँखों में मदीने की तस्वीर निराली है / Aankhon Mein Madine Ki Tasweer Nirali Hai
आँखों में मदीने की तस्वीर निराली है
ऐ माहे-अरब ! तेरी तन्वीर निराली है
दीवाना मदीने का आज़ाद है दोज़ख़ से
पैरों में गुलामों के ज़ंजीर निराली है
आँखों में मदीने की तस्वीर निराली है
ऐ माहे-अरब ! तेरी तन्वीर निराली है
सरकार के क़दमों की आहट है तेरे दिल में
ऐ ख़ुल्दे-बरी ! तेरी तक़दीर निराली है
आँखों में मदीने की तस्वीर निराली है
ऐ माहे-अरब ! तेरी तन्वीर निराली है
ताबिंदा नज़र आई जो मोहरे-नबुव्वत में
नक़्क़ाशे-अज़ल की वो तहरीर निराली है
आँखों में मदीने की तस्वीर निराली है
ऐ माहे-अरब ! तेरी तन्वीर निराली है
ये रब की अता से तो कौनैन है मुठ्ठी में
सरकारे-दो-आलम की जागीर निराली है
आँखों में मदीने की तस्वीर निराली है
ऐ माहे-अरब ! तेरी तन्वीर निराली है
जिस ख्वाब में आते हैं सरकार मदीने के
उस ख्वाबे-मुक़द्दस की ताबीर निराली है
आँखों में मदीने की तस्वीर निराली है
ऐ माहे-अरब ! तेरी तन्वीर निराली है
ऐ माहे-अरब ! तेरी तन्वीर निराली है
दीवाना मदीने का आज़ाद है दोज़ख़ से
पैरों में गुलामों के ज़ंजीर निराली है
आँखों में मदीने की तस्वीर निराली है
ऐ माहे-अरब ! तेरी तन्वीर निराली है
ऐ ख़ुल्दे-बरी ! तेरी तक़दीर निराली है
आँखों में मदीने की तस्वीर निराली है
ऐ माहे-अरब ! तेरी तन्वीर निराली है
नक़्क़ाशे-अज़ल की वो तहरीर निराली है
आँखों में मदीने की तस्वीर निराली है
ऐ माहे-अरब ! तेरी तन्वीर निराली है
सरकारे-दो-आलम की जागीर निराली है
आँखों में मदीने की तस्वीर निराली है
ऐ माहे-अरब ! तेरी तन्वीर निराली है
उस ख्वाबे-मुक़द्दस की ताबीर निराली है
आँखों में मदीने की तस्वीर निराली है
ऐ माहे-अरब ! तेरी तन्वीर निराली है
अक़्सा की इमामत का सेहरा है सजा सर पर
मे'राज के दूल्हा की तौक़ीर निराली है
आँखों में मदीने की तस्वीर निराली है
ऐ माहे-अरब ! तेरी तन्वीर निराली है
असद इक़बाल
Aqsa ki imaamat ka sehra hai Sza sar pe
ReplyDeleteMe'eraz ke Dulha ki TauqeeR Nirali Hai.
...
One of the Naat khwaani I've heard this sher also from Asad Iqbal
Thanks for comment...
DeleteMashaallah subhanallah bahut khub bhai aap ne jo bhi likha hai bahut achchha likha
DeleteAgar aap samne hote to main aap ko inaam zaroor deta😌😌