सरकार का दरबार नहीं देख रहे क्या / Sarkar Ka Darbar Nahi Dekh Rahe Kya
सरकार का दरबार नहीं देख रहे क्या ? दरबार में दो यार नहीं देख रहे क्या ? तुम दुनिया के मे'यार तो सब देख रहे हो अल्लाह का मे'यार नहीं देख रहे क्या ? कहते हो कि क़ुरआन में बू-बक्र कहाँ है ? तुम आयत-ए-फ़िल-ग़ार नहीं देख रहे क्या ? दूल्हा बने आए हैं अबू-बक्र के घर में कौनैन के सरदार नहीं देख रहे क्या ? सिद्दीक़ इमामत पे है और मुक़्तदियों में तुम हैदर-ए-कर्रार नहीं देख रहे क्या ? हर घर नहीं अल्लाह का घर होता, मेरे दोस्त ! तुम मस्जिद-ए-ज़र्रार नहीं देख रहे क्या ? तहसीन ! अभी हक़ के तरफ़-दार बहुत हैं ये मजमा'-ए-बेदार नहीं देख रहे क्या ? शायर: यूनुस तहसीन ना'त-ख़्वाँ: वक़ार उमर डंगराज sarkaar ka darbaar nahi.n dekh rahe kya ? darbaar me.n do yaar nahi.n dekh rahe kya ? tum duniya ke me'yaar to sab dekh rahe ho allah ka me'yaar nahi.n dekh rahe kya ? kehte ho ki qur.aan me.n bu-bakr kahaa.n hai ? tum aayat-e-fil-Gaar nahi.n dekh rahe kya ? dulha bane aae hai.n abu-bakr ke ghar me.n kaunain ke sardaar nahi.n dekh rahe kya ? Siddiq imaama...